*कॉमरेड अतुल कुमार अंजान को श्रद्धांजलि*प्रथम पुण्यतिथि पर**सुरेश कुमार कनौजिया देवीपाटन मंड़ल गोंडा उत्तर प्रदेश*
सुरेश कुमार कनौजिया देवीपाटन मंड़ल गोंडा उत्तर प्रदेश
आज हम *कॉमरेड अतुल कुमार अंजान* की प्रथम पुण्यतिथि पर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं — एक ऐसे क्रांतिकारी नेता को जिन्होंने अपना संपूर्ण जीवन किसानों, मज़दूरों और आम जनता के संघर्षों को समर्पित कर दिया।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI) के वरिष्ठ नेता और *अखिल भारतीय किसान सभा (AIKS*) के पूर्व महासचिव के रूप में, कॉमरेड अंजान ने किसानों की आवाज़ को राष्ट्रीय मंच पर बुलंद किया। वे न केवल एक प्रखर वक्ता और चिंतक थे, बल्कि एक कर्मठ संगठनकर्ता भी थे जिन्होंने किसान आंदोलनों को मज़दूर वर्ग और युवा आंदोलनों से जोड़ा।
उत्तर प्रदेश की धरती से उठी उनकी आवाज़ ने देशभर में साम्प्रदायिकता, नवउदारवाद और साम्राज्यवाद के खिलाफ संघर्ष को दिशा दी। उन्होंने जीवनभर किसानों के हक, ज़मीन के अधिकार और कृषि क्षेत्र में जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज़ बुलंद की।
कॉमरेड अंजान न केवल एक राजनेता थे, बल्कि एक लोकप्रिय जनबुद्धिजीवी भी थे। टीवी बहसों, लेखों और जनसभाओं में उनकी उपस्थिति लोगों में विचार की रोशनी जगाती थी। वे हमेशा धर्मनिरपेक्षता, लोकतंत्र और सामाजिक न्याय के पैरोकार रहे।
आज जब हम उन्हें याद करते हैं, तो उनके वो शब्द हमें प्रेरणा देते हैं —
“*संघर्ष कभी समाप्त नहीं होता, जब तक इंसाफ बाकी है।”*
उनका जीवन, उनकी विचारधारा और उनकी प्रतिबद्धता हम सबके लिए मार्गदर्शक बनी रहेगी।
*कॉमरेड अतुल कुमार अंजन को लाल सलाम*!
क्रांतिकारी श्रद्धांजलि!
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