*पहाड़ापुर स्थित वेशकीमती चर्चित सरकारी भूमि प्रकरण में एसडीएम के आदेश के बाद भी नही दर्ज हुआ मुकदमा* *ब्यूरो मंडल प्रभारी सुरेश कनौजिया संवाददाता शिव कुमार कनौजिया गोंडा*
ब्यूरो मंडल प्रभारी सुरेश कनौजिया संवाददाता शिव कुमार कनौजिया गोंडा
(अवैध कब्जे दारों पर कटराबाजार पुलिस के मेहरबान होने से एक माह पूर्व दिये गये निर्देश सहित तहरीर रद्दी टोकरी में)
कर्नलगंज, गोण्डा। एक ओर जहां योगी सरकार द्वारा आये दिन आलाअधिकारियों को काग़जी फरमान जारी कर भूमाफियाओं के विरुद्ध सख्त कार्यवाही करने की बात कही जाती है तो वहीं दूसरी तरफ उपजिलाधिकारी के आदेश के बाद भी वेशकीमती सरकारी भूमि पर अवैध कब्ज़ा करके निर्माण करने वाले पर थाना कटराबाजार की पुलिस मेहरबान होकर मुकदमा दर्ज ना कर कार्रवाई नहीं कर रही है। मामले में एसडीएम के पृष्ठांकित आदेश के साथ राजस्व निरीक्षक को तहरीर दिये एक माह ग्यारह दिन से अधिक हो गये लेकिन अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है। प्रकरण तहसील कर्नलगंज के अन्तर्गत ग्राम पंचायत पहाड़ापुर स्थित वेशकीमती ग्राम समाज की भूमि से जुड़ा है, जहां सरकारी भूमि पर अवैध निर्माण कार्य का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। मामले में मंगलवार को पहाड़ापुर निवासी अजय कुमार श्रीवास्तव व मनोज शुक्ला ने उपजिलाधिकारी से मुलाकात की। उन्होंने बताया कि बीते 12 फरवरी को राजस्व निरीक्षक भानुप्रताप सिंह ने एसडीएम की संस्तुति सहित तहरीर थाना कटरा बाजार में दिया था। जिसमे कहा गया है कि ग्राम पहाड़ापुर स्थित गाटा संख्या 927 नवीन परती के रूप में दर्ज कागजात भूमि है। जिसमे ग्राम पहाड़ापुर निवासी संतोष पुत्र द्वारिका द्वारा अवैध रूप से निर्माण कराया जा रहा है। जिससे लोक सम्पति की क्षति हो रही है। आरआई ने सरकारी भूमि को अवैध रूप से कब्जा करके निर्माण कराने वाले संतोष के विरुद्ध लोक सम्पति क्षति निवारण अधिनियम के तहत अभियोग पंजीकृत कर उचित कार्रवाई करने की मांग की थी। वहीं उक्त तहरीर पर उपजिलाधिकारी का पृष्ठांकन आदेश भी है कि एस एच ओ कटरा बाजार प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर कार्यवाही करें। लेकिन लगभग डेढ़ माह बीतने को है इसके बाद भी उपजिलाधिकारी के आदेश पर भी प्रभारी निरीक्षक द्वारा मुकदमा नही लिखा गया और उनके आदेश का अनुपालन सुनिश्चित नहीं किया गया। जिसकी जानकारी लेने पर राजस्व निरीक्षक भानु प्रताप सिंह ने बताया कि 12 फरवरी को ही उपजिलाधिकारी द्वारा निर्देशित पत्र प्रभारी निरीक्षक थाना कटरा बाजार को सौंप दिया गया था। वहीं प्रभारी निरीक्षक कटरा बाजार सुधीर सिंह गुमराह पूर्ण जवाब देते हुए सही जानकारी ना देकर कन्नी काट गए। ऐसे में सवाल यह उठता है कि उपजिलाधिकारी द्वारा निर्देशित पत्र के अनुपालन में आखिर एक माह से अधिक समय बीतने के बाद भी अभी तक मुकदमा दर्ज क्यों नहीं किया गया ? इसका जवाब देने को कोई तैयार नहीं है।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें