*छपिया पुलिस के संरक्षण में धड़ल्ले से हो रही अवैध शराब की बिक्री* *अतिक्रमणकारीयों के हौसलें बुलंद* *मसकनवा चौकी इंचार्ज भी सब कुछ जानते हुए बैठे हैं अनजान**फरियादियों को थाने के गेट से ही वापस कर दिया जाता है* *ब्यूरो मंडल प्रभारी सुरेश कनौजिया/छपिया संवाददाता कुँवर बहादुर सिंह गोंडा*
ब्यूरो मंडल प्रभारी सुरेश कनौजिया/छपिया संवाददाता कुँवर बहादुर सिंह गोंडा
गोंडा छपिया पुलिस अफसर लाख दावे करें कि खाकी वर्दी आपकी दोस्त है लेकिन हकीकत में उसका रवैया आम आदमी के प्रति सख्त जबकि अवैध शराब बनाने वलो के प्रति नरम रहता है। यही कारण है कि छपिया थनान्तर्गत भोपतपुर भोपतपुर मे कच्ची शराब की भट्ठियों पर पूर्ण अंकुश नहीं लग पाया। ऐसी बात नहींहै कि इन अवैध शराब माफियाओं पर कभी कार्रवाई नहीं हुई अनेकों बार मुख्यालय से उच्च अधिकारियों के दबाव मे अवैध शराब की भट्ठियाँ तोडी गई उनपर कार्रवाई भी हुई, परन्तु ये भी सच है कि किसी लगाव अथवा दबाव के चलते स्थानीय पुलिस का संरक्षण इन अवैध शराब माफियाओं को अवश्य प्राप्त है। इसीलिए कई बार मीडिया के खुलासा करने स्थानीय पुलिस द्वारा मीडिया पर भी दबाव बनाकर अंकुश लगाने की कोशिश की गई। चर्चाए आम है कि मसकनवा मे अवै अतिक्रमण भी पुलिस की मिली भगत से बढ रहा है, जिसके एवज मे पुलिस द्वारा दुकानदारो से अवैध वसूली भी की जाती है फिर चाहे कितना भी जाम लगे पुलिस उसे कैसे रोक सकती है।
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