*गोण्डा-रेलवे के निजीकरण के विरोध में एक दिवसय धरना रेलवे परिसर में*
रिपोर्ट सुरेश कनौंजिया गोण्डा
गोंडा/ रेलवे के निजीकरण के विरोध में सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन्स( सीआईटीयू) के देशव्यापी आवाहन पर सीआईटीयू गोंडा ने गोंडा रेलवे स्टेशन पर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया।धरने को संबोधित करते हुये सीआईटीयू के राज्य कमेटी सदस्य कामरेड कौशलेंद्र पांडेय ने कहा की हम लोग आपकी रेलवे का निजीकरण करने की नीति का विरोध करते है।निजीकरण से यात्री किराया/ माल भाड़े में बेतहाशा वृद्धि होगी जिसकी मार आम जनता पर पड़ेगी।किसान सभा के जिला संयोजक कामरेड राजीव कुमार ने कहा की रेलवे का बजट पहले आम बजट से अलग होता था। रेलवे कभी घाटे में नहीं रहा। समपूर्णता में रेलवे से सरकार को मदद ही मिली है।धरने को संबोधित करते हुये कामरेड रोबी गांगुली ने कहा की रेलवे का पूरा नेटवर्क आम जनता के टैक्स से खड़ा हुआ है।सरकार द्वारा इसे कारपोरेट के हाथ बेचने की योजना बनायी जा हो रही है।जो जनता के हित में नही है।कामरेड रविंद्र सिंह ने रेलवे में आउट सोर्सिंग/ठेका पर काम करनेवाले मजदूरों को न्यूनतम मजदूरी दिये जाने की बात की।जनवादी नौजवान सभा के जिला सचिव आशीष सिंह व जिला कमेटी सदस्य खगेन्द्र जनवादी ने रेल विभाग में वर्षों से रिक्त पड़े पदों पर तत्काल भर्ती किये जाने की मांग की।
धरने के बाद रेलमंत्री भारत सरकार को संबोधित छ सूत्री मांग पत्र स्टेशन अधीक्षक अनिल कुमार को सौंपा गया।दिये गये मांगपत्र में रेलवे को निजीकरण करने की नीति को बदले जाने,एक सौ यात्री गाड़ियों को निजी संचालकों को देने की योजना रद्द किये जाने। रेलवे स्टेशनों का संचालन निजी क्षेत्र को देने की प्रक्रिया को तत्काल रोके जाने, रेलवे के विभिन्न विभागों में खाली पदों पर नियुक्ति किये जाने, संविदा कर्मचारियो को नियमित किया जाने, आउटसोर्सिग कम्पनियों के माध्यम से रखे गये कर्मचारियों/ मजदूरों को न्यूनतम वेतन दिलाये जाने,आउटसोर्सिंग कम्पनी बदलने पर पहले कम्पनी के द्वारा रखे मजदूरों से ही काम लिये जाने।,रेलवे में नई भर्ती पर लगाई गई रोक को हटाये जाने की मांग शामिल है। धरने को विनीत तिवारी, डीजल शेड से अनिल श्रीवास्तव ने भी संबोधित किया।धरने का समर्थन भारत की जनवादी नौजवान सभा, किसान सभा ने भी किया।
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