अयोध्या: बौद्ध धम्म सेना ने शुरू किया आमरण अनशन
अयोध्या: बौद्ध धम्म सेना ने शुरू किया आमरण अनशन
रिपोर्ट सुरेश कनौंजिया गोण्डा
अयोध्या, अमृत विचार। बुद्ध धम्म संस्कृति एवं धरोहरों के रक्षा विकास एवं साकेत मुक्ति आन्दोलन के तहत अखिल भारतीय आजाद बौद्ध धम्म सेना ने कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित डॉ. अम्बेडकर प्रतिमा के पास अनिश्चित कालीन आमरण अनशन शुरू कर दिया है। अखिल भारतीय आजाद बौद्ध धम्मसेना के नायक बुद्ध शरण केसरिया ने बताया कि वर्तमान केन्द्र एवं राज्य सरकार, शासन और प्रशासन हम भारतीय अल्पसंख्यक बौद्ध के धम्म संस्कृति एवं धरोहर को जानबुझ कर मिटाने का कार्य कर रही है।
उन्होंने कहा कि अयोध्या मे बन रहे राम मंदिर के निर्माण हेतु चल रहे उतखनन एवं समतलीकरण के दौरान बुद्ध की बहुत सारी मूर्तिया, अशोक धम्म चक्र, कमल का फूल एवं अन्य बौद्ध अवशेष मिलने से यह स्पष्ट हो गया है कि वर्तमान अयोध्या ही प्राचीन बौद्ध नगरी साकेत है परन्तु हमारे बौद्ध अवशेषो को सारे संवैधानिक नियम कानून को तिलांजलि दे कर बुलडोजर से तोड़ फोड़ कर मिटाया जा रहा है।
बुद्ध शरण केसरिया ने कहा हम अपने धम्म संस्कृति की रक्षा हेतु सरकार प्रशासन एवं न्यायापालिका से मांग कर रहे हैं कि हमारे बौद्ध अवशेषों को सुरक्षित संरक्षित किया जाये तथा इस मुद्दे को यूनेस्को को सौंपकर उसके संरक्षण में उक्त स्थल की पूर्ण खुदाई करायी जाये और हमारे बौद्ध अवशेषों को संरक्षित किया जाये।
उन्होंने कहा आप राम मंदिर बनाईये लेकिन हमें भी जमीन दीजिये जिससे हम बौद्ध भी संग्राहलय का निर्माण कराकर अपनी धम्म संस्कृति का विकास कर सकें। अन्यथा हम अल्पसंख्यक अपनी बुद्ध धम्म धरोहर व संस्कृति के रक्षा हेतु अपनी जान लुटा देंगे। अनशन पर बैठने वालों में भंते ज्ञान रत्न, भंते बुद्ध शरण केसरिया, भंते डॉ. सुनित रत्न थेरा मौजूद रहे।


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